वाराणसी। सनातन वैदिक परंपरा के संरक्षण एवं प्रचार-प्रसार के उद्देश्य से आयोजित श्रीमद्भागवत कथा एवं वैदिक यज्ञ का शुभारंभ 24 जून 2026 से श्रद्धा एवं भक्ति भाव के साथ किया गया। आयोजन में आरणी मंथन सहित आदि कालीन वैदिक परंपराओं का विशेष प्रदर्शन किया जा रहा है, जिससे श्रद्धालुओं को प्राचीन भारतीय संस्कृति और सनातन धर्म की गौरवशाली परंपराओं से अवगत कराया जा सके।
आयोजकों के अनुसार श्रीमद्भागवत कथा का आयोजन 24 जून से प्रारंभ होकर सात दिनों तक चलेगा। कथा के माध्यम से धर्म, संस्कृति एवं नैतिक मूल्यों के प्रचार-प्रसार का संदेश दिया जाएगा। कथा का समापन 30 जून 2026 को पूर्णाहुति के साथ होगा।
समापन अवसर पर 30 जून को विशाल भंडारे का भी आयोजन किया जाएगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की संभावना है। आयोजन समिति ने सभी धर्मप्रेमी श्रद्धालुओं से कथा श्रवण एवं भंडारे में सहभागी बनने का आग्रह किया है।
कथा में मुख्य यजमान एवं यज्ञ पुरुष के रूप में राजेंद्र सिंह मेघराज तथा श्री धाम परिवार की विशेष सहभागिता है। कथा का वाचन कथा व्यास श्री शंभूनाथ महाराज द्वारा किया जा रहा है।
आयोजन को सफल बनाने में श्री हरिशंकर, राजू चौबे, विक्की सिंह, अरविंद पांडेय, पूजारी जी एवं शिव कुमार चौबे सहित अनेक श्रद्धालु सक्रिय सहयोग प्रदान कर रहे हैं। आयोजन स्थल पर प्रतिदिन श्रद्धालुओं की भारी भीड़ उमड़ रही है तथा पूरे क्षेत्र में भक्तिमय वातावरण बना हुआ है।