धाता /फतेहपुर नगर पंचायत धाता की लापरवाही के चलते धाता–सिराथू मार्ग पर यात्रियों के लिए लगाया गया लाखों रुपये की लागत का वाटर कूलर शोपीस बनकर रह गया है। भीषण गर्मी के बीच ठंडे पानी की उम्मीद लेकर पहुंचने वाले राहगीरों को निराश होकर वापस लौटना पड़ रहा है।
नगर पंचायत ने करीब पांच महीने पहले यात्रियों को शुद्ध व ठंडा पेयजल उपलब्ध कराने के उद्देश्य से वाटर कूलर लगवाया था। स्थानीय लोगों को उम्मीद थी कि गर्मी के मौसम में यह सुविधा राहत देगी, लेकिन कूलर शुरू ही नहीं हो सका।
राहगीरों का कहना है कि चिलचिलाती धूप में लोग ठंडे पानी की आस में कूलर तक पहुंचते हैं, लेकिन पानी न मिलने से मायूस होकर लौट जाते हैं। स्थानीय लोगों का दावा है कि स्थापना के बाद से अब तक कूलर कभी चालू ही नहीं हुआ।
मामले में अधिशासी अभियंता से दूरभाष पर संपर्क करने पर उन्होंने अपने कार्यकाल में वाटर कूलर लगाए जाने से इनकार किया। बाद में गर्मी का हवाला देकर पूछने पर बताया कि पैनल मिस्त्री द्वारा कूलर को मरम्मत के लिए ले जाया गया है। हालांकि क्षेत्रीय लोगों का कहना है कि जब कूलर चला ही नहीं तो मरम्मत किस चीज की हो रही है।
लोगों ने सवाल उठाया कि क्या गर्मी खत्म होने के बाद कूलर चालू किया जाएगा। इस पूरे मामले को लेकर नगर पंचायत की कार्यशैली पर सवाल उठ रहे हैं और क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है।