हाथरस। मुख्य चिकित्साधिकारी डॉ. राजीव राय ने रविवार को मुख्यमंत्री आरोग्य मेले एवं स्वास्थ्य सेवाओं की गुणवत्ता के दृष्टिगत जनपद की विभिन्न चिकित्सा इकाइयों का निरीक्षण किया। निरीक्षण के दौरान स्वास्थ्य केंद्रों पर साफ-सफाई, दवाओं की उपलब्धता, ओपीडी व्यवस्था एवं स्टाफ की उपस्थिति का जायजा लिया गया। सीएमओ ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र लाडपुर का निरीक्षण किया, जहां डॉ. रश्मि सेंगर, फार्मासिस्ट सुनील कुमार, स्टाफ नर्स जितेंद्र कुमार यादव सहित अन्य कर्मचारी उपस्थित मिले। केंद्र की साफ-सफाई संतोषजनक पाई गई। स्वास्थ्य कर्मियों ने बताया कि रविवार को अब तक 6 मरीजों की ओपीडी की जा चुकी थी, जबकि प्रतिदिन लगभग 45 से 50 मरीज उपचार के लिए पहुंचते हैं।दवाओं की उपलब्धता की जानकारी लेने पर फार्मासिस्ट ने बताया कि ईडीएल के अनुसार 195 दवाओं के सापेक्ष 155 प्रकार की दवाएं उपलब्ध हैं। इस पर सीएमओ ने शेष दवाएं उपलब्ध कराने के निर्देश दिए। केंद्र पर एआरवी की 4 एवं एएसवी की 5 मात्रा उपलब्ध पाई गईं। वहीं मार्च माह से अब तक 29 और अप्रैल माह में 5 डिलीवरी कराए जाने की जानकारी दी गई।
इसके बाद सीएमओ ने प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र चिन्तापुर बदन का निरीक्षण किया। यहां उपस्थिति पंजिका के अवलोकन में आयुष चिकित्साधिकारी डॉ. कुनाल वार्ष्णेय निरीक्षण के समय अनुपस्थित मिले, हालांकि कुछ देर बाद वह उपस्थित हो गए। फार्मासिस्ट शैलेन्द्र सिंह, स्वीपर संजय कुमार मौजूद मिले, जबकि सुनीता कुमारी अनुपस्थित पाई गईं। निरीक्षण के दौरान केंद्र की साफ-सफाई व्यवस्था संतोषजनक नहीं मिली, जिस पर सीएमओ ने नाराजगी जताते हुए तत्काल सुधार के निर्देश दिए। दवाओं की उपलब्धता के संबंध में बताया गया कि ईडीएल के अनुसार 163 दवाओं के सापेक्ष 155 प्रकार की दवाएं उपलब्ध हैं। वहीं ओपीडी पंजिका व्यवस्था भी असंतोषजनक पाई गई, जिस पर क्षेत्रीय नोडल अधिकारी एवं प्रभारी चिकित्सा अधीक्षक, सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र महौ को नियमित अनुश्रवण के निर्देश दिए गए। सीएमओ ने डॉ. कुनाल वार्ष्णेय के विलंब से केंद्र पहुंचने पर प्रभारी चिकित्सा अधीक्षक, सीएचसी महौ से स्पष्टीकरण प्राप्त करने के निर्देश दिए। साथ ही केंद्र पर निर्माण संबंधी आवश्यक कार्य नियमानुसार कराए जाने के भी निर्देश दिए।