लखनऊ। 81 दिवसीय 'गविष्ठि (गोरक्षार्थ धर्मयुद्ध)' यात्रा के तहत ज्योतिष्पीठाधीश्वर जगद्गुरु शंकराचार्य स्वामी अविमुक्तेश्वरानन्द सरस्वती का लखनऊ में भव्य स्वागत किया गया। इस दौरान उन्होंने कहा कि केवल धर्म की जय पर्याप्त नहीं, बल्कि अधर्म का नाश भी आवश्यक है। उन्होंने गाय को माता बताते हुए उसे पशु सूची से हटाकर राज्य माता का दर्जा देने की मांग दोहराई।
शंकराचार्य ने कहा कि सरकार यदि गाय को माता का सम्मान नहीं देती है तो जनआंदोलन तेज किया जाएगा। उन्होंने दावा किया कि यात्रा उत्तर प्रदेश की 300 से अधिक विधानसभा क्षेत्रों तक पहुंच चुकी है और 24 जुलाई को लखनऊ में विशाल महासंकल्प सभा आयोजित कर आंदोलन के अगले चरण की घोषणा की जाएगी। कार्यक्रम में बड़ी संख्या में लोगों ने गौरक्षा का सामूहिक संकल्प भी लिया।