भारत के भविष्य निर्माण में प्रबुद्धजनों की भूमिका महत्वपूर्ण : प्रेम शुक्ला।

वाराणसी। प्रबुद्धजन काशी न्यास के तत्वावधान में आयोजित संगोष्ठी “भारत के भविष्य में प्रबुद्धजन की जिम्मेदारी” विषय पर रविवार को नेवीगेशन हाउस छितौनी में विचार गोष्ठी आयोजित की गई। कार्यक्रम के मुख्य वक्ता भारतीय जनता पार्टी के राष्ट्रीय प्रवक्ता प्रेम शुक्ला ने कहा कि भारत आज विश्व मंच पर नई शक्ति के रूप में उभर रहा है और ऐसे समय में प्रबुद्ध समाज की जिम्मेदारी और अधिक बढ़ जाती है। उन्होंने कहा कि राष्ट्र निर्माण केवल सरकारों से नहीं बल्कि समाज की जागरूक चेतना, सकारात्मक सोच और सांस्कृतिक मूल्यों से होता है।

उन्होंने कहा कि शिक्षकों, पत्रकारों, चिकित्सकों, अधिवक्ताओं, साहित्यकारों तथा सामाजिक कार्यकर्ताओं को समाज में राष्ट्रहित, सामाजिक समरसता एवं भारतीय संस्कृति के संरक्षण हेतु सक्रिय भूमिका निभानी चाहिए। युवाओं में राष्ट्रभक्ति, अनुशासन एवं सकारात्मक चिंतन विकसित करना समय की सबसे बड़ी आवश्यकता है।

कार्यक्रम के मुख्य अतिथि डॉ. नागेंद्र कुमार सिंह, निदेशक महामना मदन मोहन मालवीय हिंदी पत्रकारिता संस्थान ने कहा कि प्रबुद्ध वर्ग समाज का वैचारिक नेतृत्व करता है। यदि बुद्धिजीवी वर्ग जागरूक रहेगा तो समाज सही दिशा में आगे बढ़ेगा। उन्होंने मीडिया और शिक्षण संस्थानों की जिम्मेदारी पर भी विस्तार से प्रकाश डाला।

सारस्वत अतिथि डॉ. अजयेंद्र कुमार दुबे ने कहा कि भारत की सांस्कृतिक विरासत और सनातन मूल्यों को नई पीढ़ी तक पहुँचाना हम सभी का दायित्व है। उन्होंने सामाजिक जागरूकता, नैतिक शिक्षा एवं राष्ट्रीय एकता पर बल दिया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए कैप्टन मोहन प्रसाद यादव ने कहा कि राष्ट्रहित सर्वोपरि की भावना के साथ समाज के सभी वर्गों को मिलकर कार्य करना चाहिए। उन्होंने प्रबुद्धजनों से समाज में सकारात्मक वातावरण निर्माण का आह्वान किया।

कार्यक्रम का संचालन डॉ. संजय सिंह गौतम एवं धन्यवाद ज्ञापन डॉ रवि सिंह ने किया। कार्यक्रम में इंजीनियर अशोक यादव देव कुमार राजू रितेश श्रीवास्तव बसंत लाल हीरा यादव विनय कुमार सिंह विवेक कपूर डॉ. गिरजानंद चौबे सुरेंद्र कुमार पटेल सहित बड़ी संख्या में प्रबुद्धजन, सामाजिक कार्यकर्ता, शिक्षाविद, अधिवक्ता एवं गणमान्य नागरिक उपस्थित रहे।