व्यापारी का उत्पीड़न बंद हो विभागीय भ्रष्टाचार पर लगाएं अंकुश - संदीप बंसल

लखनऊ। बिन जल कनेक्शन व्यापार उद्योग जगत को भेजे जा रहे लाखों के बिल को निरस्त करते हुए उनका उत्पीड़न रोका जाए। विभागीय भ्रष्टाचार पर रोक लगाई जाए की मुख्य मांग के साथ अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल के राष्ट्रीय अध्यक्ष एवं पूर्व मंत्री, उत्तर प्रदेश सरकार संदीप बंसल के नेतृत्व में लखनऊ के प्रमुख व्यापारी प्रतिनिधियों की बैठक नगर निगम कार्यालय में लखनऊ की महापौर सुषमा खरकवाल एवं नगर आयुक्त गौरव कुमार के साथ संपन्न हुई।

संदीप बंसल ने महापौर और नगर आयुक्त को देश के विभिन्न राज्यों के जल बिल के संबंध में तुलनात्मक विवरण प्रस्तुत करते हुए बताया कि सभी राज्यों में खपत के आधार पर पानी का बिल लिया जाता है, जिससे वहां पर पानी के बिल को लेकर कोई समस्या नहीं है। चाहे उद्यमी व्यापारी हो या आम व्यक्ति जितना पानी इस्तेमाल करते हैं, उतने का भुगतान करते हैं हमारे उत्तर प्रदेश में जो प्रक्रिया है वो जटिल है इस कारण से बिना कनेक्शन के ही लाखों रुपये के बिल लोगों लोगों को प्राप्त हो रहे हैं जिसका भुगतान करना उनके लिए संभव नहीं है। इसलिए इन बिलों के भुगतान के लिए आम जनमानस एवं व्यापारी उद्यमी पर दबाव कतई न बनाया जाए। यही मांग उन्होंने नगर आयुक्त और महापौर से की। उन्होंने कहा कि संदर्भ में उत्तर प्रदेश सरकार के वित्त एवं संसदीय कार्य मंत्री सुरेश खन्ना एवं लखनऊ के यशस्वी सांसद, देश के रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह से भी बात हो चुकी |

इस बैठक में तमाम तर्क वितरक होने के बाद नगर आयुक्त ने यह आश्वस्त किया कि नगर निगम विभाग के किसी भी कर्मचारी अधिकारी को भ्रष्टाचार नहीं करने दिया जाएगा, ना ही कोई अनावश्यक दबाव बना पाएगा। उन्होंने आने वाले समय में इस विषय में व्यापार और उद्योग जगत को राहत देने के लिए उत्तर प्रदेश सरकार के मुखिया मुख्यमंत्री से वार्ता करने का आग्रह किया |

आज की इस बैठक में उपस्थित रहने वाले प्रमुख पदाधिकारियों में अखिल भारतीय उद्योग व्यापार मंडल लखनऊ महानगर के अध्यक्ष सुरेश छाबलानी, प्रदेश संगठन मंत्री जावेद बेग, महामंत्री अनुज गौतम, उपाध्यक्ष मुकेश अग्रवाल, एवं लालबाग परिक्षेत्र के प्रभारी अश्वन अरोड़ा प्रमुख रूप से उपस्थित रहे |